21 सूत्री मांगों के समर्थन में शिक्षकों ने किए 10लाख ट्विट
HTN Live
उत्तर प्रदेश बेसिक शिक्षा परिषद विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों और शिक्षा मित्रों अनुदेशकों विशेष शिक्षकों रसोईया कस्तूरबा गांधी बेसिक विधायिका शिक्षक को द्वारा 1000000 ट्वीट का मतलब उत्तर प्रदेश सरकार के लिए खतरे की घंटी है यदि सरकार वापसी चाहती है तो 21 सूत्रीय मांगों पर विचार करना चाहिए क्योंकि 2022 के चुनाव में यही अध्यापक चुनाव ड्यूटी करेंगे साथ ही वोटिंग भी करेंगे जो कि सरकार के लिए घातक साबित हो सकते हैं इसलिए उन्हें चाहिए कि इन शिक्षकों की मांगों को खुले विचारों को सुनें और उस पर विचार करें जिससे कि योगी सरकार पर आने वाले समय मैं जो संकट के बादल फिर रहे हैं वह हट सके नहीं तो इस शिक्षक समाज ने बड़े-बड़े
सरकारों को उखाड़ कर फेंक चुके हैं ।
सरकारों को उखाड़ कर फेंक चुके हैं ।
उत्तर प्रदेश बेसिक शिक्षा परिषदीय विद्यालयों में कार्यरत शिक्षक, शिक्षामित्र, अनुदेशक, विशेष शिक्षक, रसोईया एवं कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय के शिक्षक विभाग की उत्पीड़नात्मक कार्यशैली से त्रस्त है। प्रदेश के बेसिक शिक्षकों की पुरानी पेंशन व सवा लाख विद्यालयों में प्रधानाध्यापक के पद समाप्त कर दिए गए। पिछले 5 साल से किसी भी शिक्षक की पदोन्नति नहीं की गई है। बेसिक शिक्षकों को मोबाइल अथवा लैपटॉप तथा इंटरनेट की सुविधा दिए बिना ही ऑनलाइन कार्य करने को मजबूर किया जा रहा है। शिक्षामित्रों को शिक्षक के पद से हटाकर शिक्षामित्र बना दिया गया अनुदेशकों का मानदेय रुपया 17000 से घटाकर रुपया 7000 कर दिया गया परिषदीय विद्यालय के विशेष शिक्षक एवं रसोईया आर्थिक तंगी से जूझ रहे हैं। कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय के शिक्षक योग्य होते हुए भी स्थाई शिक्षक से कम वेतन पा रहे हैं तमाम ज्ञापन देने के बावजूद भी किसी भी संवर्ग की समस्याओं का निराकरण नहीं किया जा रहा है। प्रदेश में गत 1.5 वर्ष से लगातार एस्मा लगा कर शिक्षक व कर्मचारी संगठनों को आंदोलन करने से रोका जा रहा है।
उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ ने एक ही परिसर में कार्य करने वाले शिक्षक, शिक्षामित्र, अनुदेशक, विशेष शिक्षक, रसोईया एवं कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय के शिक्षकों की समस्याओं से संबंधित 21 सूत्री ज्ञापन सरकार को भेजकर समस्याओं के निराकरण की मांग की है यदि मांगे नहीं मानी जाती हैं तो उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में बड़ा आंदोलन किया जाएगा देशभर के शिक्षकों ने आंदोलन के प्रथम चरण में आज ट्विटर पर #Justice4Our21Demands अभियान चलाकर अपनी मांगों के समर्थन में 10 लाख ट्वीट करके आंदोलन का शंखनाद किया है।
संघ के अध्यक्ष डॉ दिनेश शर्मा ने कहा यदि शीघ्र समस्याओं का निराकरण नहीं किया जाता है तो प्रदेश कार्य समिति के पदाधिकारी महानिदेशक कार्यालय लखनऊ पर धरना देंगे।
हैशटैग अभियान संजय सिंह महामंत्री, शिव शंकर पांडे कोषाध्यक्ष, राधे रमण त्रिपाठी वरिष्ठ उपाध्यक्ष, सुरेंद्र यादव संयुक्त महामंत्री की देखरेख में संपन्न हुआ।



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