कलम देश की बड़ी शक्ति है भाव जगाने वाली, दिल की नहीं दिमागों में भी आग लगाने वाली ‘‘
HTN Live
गाजियाबाद। कलम देश की बड़ी शक्ति है भाव जगाने वाली,
दिल की नहीं दिमागों में भी आग लगाने वाली ‘‘
महान कवि दिनकर जी की इन पंक्तियों से अपने भाव को व्यक्त करने का एहसास, हर एक व्यक्ति को प्राप्त होता है।
इसी संदर्भ में विगत 26 जनवरी को कॉलेज के द्वारा एक मैगजीन का प्रक्षेपण किया गया । इसके माध्यम से करीब 6 महीने से निरंतर कार्य कर रहे 17 बच्चों के कार्य प्रदर्शन की कुछ छोटी सी झलकियां देखने को प्राप्त हुई। इस मौके पर नीरज गोयल(अध्यक्ष), सचिन गोयल(उपाअध्यक्ष), राजश्री, सलाहकार रघुनंदन कंसल, डायरेक्टर विजय आठवले, गजेन्द्र सिंह, अमित गोयल, डॉ नीरजा जिंदल और क्लब संकाम प्रभारी गगनप्रीत कौर और डीन मौजूद रहे और गर्मजोशी के साथ इसमें शामिल हुए, और इससे जुडे कई अन्य लोगों का भी योगदान रहा।
मैगजीन को 26 जनवरी के दिन लांच करने का प्रमुख कारण हमारे सेना के जवानों को एक छोटी सी भेंट देने का प्रयास किया गया है। मैगजीन का उद्देश्य उसके नाम से भली भांति पता चलता है जो कि ततपवत वचिमंबम(शांति के योद्धा )को प्रदर्शित करता है ।इसके अन्तर्गत इस ८० पेज के मैगजीन में देश के तीनों सेनाओं का जिक्र किया गया है और साथ ही साथ उनसे जुड़े कुछ महानुभावों के शब्दों को बेहद ही सलीके से पिरोया गया है। लेफ्ट.कोल बलदेव सिंह चौधरी, विजय शर्मा (विंग कमांडर), संजय पाराशर (डीपीआईआर डीआरडीओ), गजेन्द्र सिंह (ग्रुप कैप्टन एयर फोर्स) आदि लोगों के अनुभवों को इसमें दर्शाया गया है।
इस मैगजीन की रूपरेखा को तैयार करने वाले 17 बच्चों जिनमें क्लब हैड आदित्य अग्रवाल और क्लब को-हैड हर्षिता का मुख्य योगदान रहा। इन बच्चों के कार्यों में निरंतरता, स्तरीय लेखनी, उनका आत्मिश्वास और उनका दृढ़ संकल्प मैगजीन के कंटेंट में साफ झलकता है।
मैगजीन कि शुरुआत से मैगजीन को अंतिम रूप देने तक पूरे 6 महीने लगे और इतने समय में कुशल मार्गदर्शन के माध्यम से कॉलेज के प्रत्येक वर्ष के बच्चों ने इसमें भागीदारी ली और कार्य को कुशलता पूर्वक अंजाम दिया।
अंत में कुछ पंक्तियां कहना चाहूंगा कि
‘‘रख खून में वो उबाल जब तक जवानी है, लेखिनी के इसी अंदाज की तो पूरी दुनिया दीवानी है‘‘!
गाजियाबाद। कलम देश की बड़ी शक्ति है भाव जगाने वाली,
दिल की नहीं दिमागों में भी आग लगाने वाली ‘‘
महान कवि दिनकर जी की इन पंक्तियों से अपने भाव को व्यक्त करने का एहसास, हर एक व्यक्ति को प्राप्त होता है।
इसी संदर्भ में विगत 26 जनवरी को कॉलेज के द्वारा एक मैगजीन का प्रक्षेपण किया गया । इसके माध्यम से करीब 6 महीने से निरंतर कार्य कर रहे 17 बच्चों के कार्य प्रदर्शन की कुछ छोटी सी झलकियां देखने को प्राप्त हुई। इस मौके पर नीरज गोयल(अध्यक्ष), सचिन गोयल(उपाअध्यक्ष), राजश्री, सलाहकार रघुनंदन कंसल, डायरेक्टर विजय आठवले, गजेन्द्र सिंह, अमित गोयल, डॉ नीरजा जिंदल और क्लब संकाम प्रभारी गगनप्रीत कौर और डीन मौजूद रहे और गर्मजोशी के साथ इसमें शामिल हुए, और इससे जुडे कई अन्य लोगों का भी योगदान रहा।
मैगजीन को 26 जनवरी के दिन लांच करने का प्रमुख कारण हमारे सेना के जवानों को एक छोटी सी भेंट देने का प्रयास किया गया है। मैगजीन का उद्देश्य उसके नाम से भली भांति पता चलता है जो कि ततपवत वचिमंबम(शांति के योद्धा )को प्रदर्शित करता है ।इसके अन्तर्गत इस ८० पेज के मैगजीन में देश के तीनों सेनाओं का जिक्र किया गया है और साथ ही साथ उनसे जुड़े कुछ महानुभावों के शब्दों को बेहद ही सलीके से पिरोया गया है। लेफ्ट.कोल बलदेव सिंह चौधरी, विजय शर्मा (विंग कमांडर), संजय पाराशर (डीपीआईआर डीआरडीओ), गजेन्द्र सिंह (ग्रुप कैप्टन एयर फोर्स) आदि लोगों के अनुभवों को इसमें दर्शाया गया है।
इस मैगजीन की रूपरेखा को तैयार करने वाले 17 बच्चों जिनमें क्लब हैड आदित्य अग्रवाल और क्लब को-हैड हर्षिता का मुख्य योगदान रहा। इन बच्चों के कार्यों में निरंतरता, स्तरीय लेखनी, उनका आत्मिश्वास और उनका दृढ़ संकल्प मैगजीन के कंटेंट में साफ झलकता है।
मैगजीन कि शुरुआत से मैगजीन को अंतिम रूप देने तक पूरे 6 महीने लगे और इतने समय में कुशल मार्गदर्शन के माध्यम से कॉलेज के प्रत्येक वर्ष के बच्चों ने इसमें भागीदारी ली और कार्य को कुशलता पूर्वक अंजाम दिया।
अंत में कुछ पंक्तियां कहना चाहूंगा कि
‘‘रख खून में वो उबाल जब तक जवानी है, लेखिनी के इसी अंदाज की तो पूरी दुनिया दीवानी है‘‘!

No comments